सभी कार्मिक समय से कार्यालय पहुॅचें- डीएम के सख्त निर्देश
सभी कार्मिक समय से कार्याल पहुॅचें – जिलाधिकारी
कार्यालय आने वाले व्यक्तियों के साथ हो अच्छा व्यवहार- जिलाधिकारी
भ्रष्टाचार कतई बरदाश्त नहीं होगा- जिलाधिकारी
हरिद्वार। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने अधिकारियों ओर कार्मिकों को गुड गवर्नेंस का पाठ पढ़ाना शुरू कर दिया है।सभी कार्मिकों को समय पर दफ्तर आना और आगंतुकों के साथ विनम्रता बरतने का आदेश दिया। उन्होंने जनपद के समस्त कार्मिकों को हिदायत देते हुए कहा कि जनपद में किसी भी प्रकार का भ्रष्टाचार, अनुशासनहीनता, लापरवाही को बरदाश्त नहीं किया जायेगा। बल्कि ऐंसा करने वाले कार्मिकों के विरूद्ध सख्त से सख्त कार्यवाही अमल में लाई जायेगी। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को अपने-अपने कार्यालय में भ्रष्टाचार मुक्त उत्तराखण्ड के टोल फ्री नम्बर 1064 से सम्बन्धित बोर्ड चस्पा करने के आदेश दिए जिस पर स्पष्ट लिखा हो कि राज्य सरकार का कोई भी अधिकारी या कर्मचारी, आपसे रिश्वत की मांग करता है तो उसकी शिकायत टोल फ्री नम्बर 1064 पर दर्ज करा सकते हैं।

मुख्यालय छोड़ने से पहले अनुमति आवश्यक
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने निर्देश दिये कि कोई भी अधिकारी बिना लिखित अनुमति के मुख्यालय नहीं छोड़ेगा। बिना अनुमति मुख्यालय छोड़ने वाले अधिकारियों के विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही अमल में लाई जायेगी।
सभी कार्मिक समय से कार्याल पहुॅचें
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की मंशा के अनुरूप कार्य करते हुए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने जनपद के समस्त कार्मिकों के लिए आदेश देते हुए कहा कि सभी अधिकारी एवं कर्मचारी निर्धारित समय से कार्यालय पहुॅचना सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने सभी कार्यालय अध्यक्षों एवं जिला स्तरीय अधिकारियों को निर्देश दिये कि महीने में एक दिन देर से आने पर मौखिक चेतावनी, दो बार देर से आने पर लिखित चेतावनी, तीन दिन देर से आने पर एक दिन का आकस्मिक अवकाश काटने तथा 4 दिन से अधिक देर से आने पर सम्बन्धित के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही करने के निर्देश दिये।
कार्यालय आने वाले व्यक्तियों के साथ अच्छा व्यवहार रखे कार्मिक
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने सभी कार्मिकों को निर्देश दिये कि कार्यालय में पहुॅचने वाले सभी आगंतुकों के बैठने के लिए पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित की जाये और बाहर से आने वाले व्यक्तियों को पीने के लिए पानी अवश्य उपलब्ध कराया जाये।
सरलीकरण, समाधान, निस्तारण तथा संतुष्टि के मूल मंत्र पर हो समस्याओं का निस्तारण
जिलाधिकारी ने निर्देश दिये कि आने वाले आगन्तुकों की समस्याओं को पूरी शालीनता से सुनने व समझने के पश्चात समस्याओं को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा दिये गये मूल मन्त्र “सरलीकरण, समाधान, निस्तारण तथा संतुष्टि” के आधार पर निस्तारित करना सुनिश्चित करें।
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फील्ड स्तरीय कार्मिक अपने-अपने क्षेत्रों में भ्रमण कर, समस्याएं सुने
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने निर्देशित करते हुए कहा कि सभी फील्ड स्तरीय व जिला स्तरीय अधिकारी एवं कर्मचारी निरन्तर क्षेत्रों का भ्रमण करते हुए जन समस्याएं सुनकर मौके पर ही निस्तारित करना सुनिश्चित करें। ताकि जनता को अनावश्यक मुख्यालय के चक्कर न लगाने पड़े। उन्होंने सभी उप जिलाधिकारियों को निरन्तर तहसील दिवसों का आयोजन करने तथा जिला स्तरीय अधिकारियों, उप जिलाधिकारियों व खण्ड विकास अधिकारियों को रोस्टर के अनुसार जनता दरबार लगाकर जन-सुनवाई करने के निर्देश दिये।
कार्यो में गुणवत्ता, समयबद्धता व पारदर्शिता पर विशेष ध्यान दिया जाये
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने सभी कार्मिकों को निर्देश दिये कि कार्यों में समयबद्धता, पारदर्शिता तथा गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाये। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिये कि कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही क्षमा योग्य नहीं होगी।
